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गोल्डन बुक ऑफ़ वर्ल्ड रिकार्ड्स में दर्ज हुआ दिव्यांग बच्चों के लिए आयोजित पांच दिवसीय स्किल डेवलपमेंट शिविर

मूक-बधिर बच्चें ऐसे बच्चें होते हैं जो जन्म से या किसी दुर्घटनावश बोलने और सुनने की क्षमता से वंचित रह जाते हैं। ऐसे में मूक-बधिर बच्चों का विकास एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील विषय है। इन बच्चों के लिए शिक्षा एवं सामाजिक समर्थन की बहुत अधिक आवश्यकता होती हैं। उन्हें विशेष प्रशिक्षण की आवश्यकता होती है जो उन्हें विकसित करें, आर्थिक रूप से अपने पैरों पर खड़े होने में मदद कर सकें और परिवार के साथ मिलकर उन्हें समाज में सम्मिलित होने में मदद करें। इन बच्चों का शिक्षण-प्रशिक्षण एवं विकास, समर्थन और स्नेहभरे वातावरण में होना चाहिए ताकि वे भी सफलता प्राप्त कर सकें। 

गुवहाटी, असम में दिनांक 28 सितम्बर से 02 अक्टूबर 2023 तक मूक-बधिर बच्चों के कौशल विकास हेतु राष्ट्रीय स्तर पर पांच दिवसीय स्किल डेवलपमेंट शिविर का आयोजन किया गया। यह आयोजन तुलसी ग्रैंड, गरल धारापुर में महावीर इंटरकॉन्टिनेंटल सर्विस आर्गेनाइजेशन (Mahaveer Intercontinental Service Organization), अनाम प्रेम (Anam Prem), मुंबई एवं आचार्य तुलसी महाश्रमण रिसर्च फाउंडेशन (Acharya Tulsi Mahashraman Research Foundation) द्वारा संयुक्त रूप से किया गया। विशेषतः मूक-बधिर बच्चों के स्किल डेवलपमेंट के लिए आयोजित "22nd National Confluence of Hearing & Speech Impaired Children for Skill Development" कार्यक्रम में देश के लगभग 22 प्रांतों के बच्चें हिस्सा लेने के लिए पहुंचे। इस शिविर में कौशल विकास हेतु बच्चों को विभिन्न रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण दिये गए और साथ ही मार्केटिंग करने के विषय में भी जानकारी दी गयी। कार्यक्रम का लाभ लेने के लिए देशभर से लगभग 600 से अधिक लोग पहुंचे जिनमें बच्चें, केयर टेकर एवं शिक्षक शामिल हुए। इस प्रशिक्षण शिविर की विशेषता यह थी कि यह एक पूर्णतः निःशुल्क एवं आवासीय शिविर था इसमें लोगों के भोजन एवं ठहरने के साथ-साथ, आने-जाने और गुवहाटी के दार्शनिक स्थलों पर घुमने की सम्पूर्ण व्यवस्था भी संस्था महावीर इंटरकॉन्टिनेंटल सर्विस आर्गेनाइजेशन, गुवाहाटी चेप्टर (Mahaveer Intercontinental Service Organization, Guwahati chapter) द्वारा ही की गयी। इस कौशल विकास शिविर का मुख्य उद्देश्य मूक-बधिर बच्चों को आत्मनिर्भर बनाना था ताकि वह स्वयं की आमदनी पर अपनी आजीविका चला सकें।


मूक-बधिर बच्चों के कौशल विकास हेतु राष्ट्रीय स्तर पर पॉंच दिवसीय स्किल डेवलपमेंट शिविर के दौरान दो विश्व कीर्तिमान स्थापित किये गए जिन्हें गोल्डन बुक ऑफ़ वर्ल्ड रिकार्ड्स (Golden Book of World Records) में दर्ज किया गया।पहला 
मूक-बधिर बच्चों के कौशल विकास के उद्देश्य की गयी अब तक की सबसे बड़ी वर्कशॉप आयोजित करने के लिए "Largest Skill Development Workshop for Hearing and Speech Impaired Children" के शीर्षक के साथ वर्ल्ड रिकॉर्ड के रूप में दर्ज किया गया और दूसरा स्किल डेवलपमेंट शिविर के दौरान सर्वाधिक लोगो को मूक-बधिर बच्चों के विकास और देखभाल के विषय पर शिक्षित किया गया जिसे "Largest Session on Hearing and Speech Impaired Children's Care and Development" के शीर्षक के साथ वर्ल्ड रिकॉर्ड के रूप में दर्ज किया गया। वर्ल्ड रिकॉर्ड का आधिकारिक प्रोविजनल सर्टिफिकेट गोल्डन बुक ऑफ़ वर्ल्ड रिकार्ड्स के एशिया हेड डॉ. मनीष विश्नोई जी (Dr. Manish Vishnoei, Asia Head, GBWR) द्वारा असम के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत विश्व सर्मा जी (Dr. Himanta Biswa Sarma, CM Assam) की उपस्थिति में महावीर इंटरकॉन्टिनेंटल सर्विस आर्गेनाइजेशन के अंतर्राष्ट्रीय महासचिव श्री लोकेश कावड़िया जी एवं गुवाहाटी चेप्टर के अध्यक्ष  श्री अशोक जैन (छाबड़ा) जी, सचिव श्री नरेन्द्र जैन जी को प्रदान किया गया। कार्यक्रम के दौरान माननीय मुख्यमंत्री जी ने आयोजको को बधाई देते हुए कहा की "महावीर इंटरकॉन्टिनेंटल सर्विस आर्गेनाइजेशन द्वारा आयोजित प्रशिक्षण शिविर में दिव्यांग बच्चें एक शिक्षक के रूप में खुद को विकसित कर रहे हैं और दूसरे दिव्यांग बच्चों को सीखाने की क्षमता रखने लगे हैं, यह एक बड़ी सफलता हैं।" 


महावीर इंटरकॉन्टिनेंटल सर्विस आर्गेनाइजेशन के अंतर्राष्ट्रीय महासचिव श्री लोकेश कावड़िया जी ने बताया कि इस पॉंच दिवसीय स्किल डेवलपमेंट शिविर के शुभारम्भ के अवसर पर असम के माननीय राज्यपाल महामहिम श्री गुलाब चन्द्र कटारिया जी (Mahamahim Gulab Chandra Kataria) एवं पश्चिम गुवहाटी क्षेत्र के विधायक श्री रामेन्द्र नारायण कलिता जी (Mr. Ramendra Narayan Kalita) मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। माननीय राज्यपाल महोदय ने मूक-बधिर बच्चों के कौशल विकास हेतु आयोजित इस शिविर की सराहना करते हुए राज्यपाल रिज़र्व फण्ड से महावीर इंटरकॉन्टिनेंटल सर्विस आर्गेनाइजेशन को उनके कार्य के लिए 5 लाख रूपए प्रदान करने की घोषणा की। अनाम प्रेम (Anam Prem) के श्री सतीश नगरे जी (Satish Nagre) ने कहा कि महावीर इंटरकॉन्टिनेंटल सर्विस आर्गेनाइजेशन ने सद्गुरु दादा जी के दिखलाये मार्ग पर चलकर मूक-बधिर बच्चों के कौशल विकास हेतु अत्यंत ही सराहनीय कार्य किया हैं।

इस आयोजन को सफल बनाने हेतु महावीर इंटरकॉन्टिनेंटल सर्विस आर्गेनाइजेशन (MISO) के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री पुष्प जैन जी, महासचिव श्री लोकेश कावड़िया जी, कोषाध्यक्ष श्री अशोक जैन जी एवं  MISO गुवहाटी चेप्टर के अध्यक्ष श्री अशोक जैन (छाबड़ा) जी, सचिव श्री नरेन्द्र जैन जी, श्री राजेश बेताला जी, श्री बाबूलाल श्रीमल जी, श्री राहुल पिंजल जी, श्री शांतिलाल कुण्डलिया जी, श्री तारकेश्वर संचेती जी, श्री उत्तम चंद नहाटा जी, श्री सज्जनमल अजित कुमार बेतला जी,  श्रीमती प्रमिला देवी देवड़ा जी, श्री बसंत सुराना जी, श्री मदनलाल सुभाषचंद्र बेतला जी, श्री प्रेमराज राजेन्द्रकुमार बेताला जी, श्री एम.पी. जैन जी एवं श्रीमती सुधा जैन जी, पी.पी. बाफना वेंचर्स प्रा. लिमिटेड, डी. वाय. एन. ए. रूफ प्रा. लिमिटेड, ब्रम्हपुत्र उद्योग प्रा. लिमिटेड, राइनो मौड्यूलर्स, प्रोग्रेसिव एंटरप्राइज, साप्तऋषि इंडस्ट्रीज, होटल राजमहल ट्रस्ट, लादी स्टील इंडस्ट्रीज प्रा. लिमिटेड, पोद्दार कार वर्ल्ड, जैन ग्रुप वेंचर्स प्रा. लिमिटेड बी. के. इंटरप्राइस, सुरेन्द्र एजेंसीस सहित अन्य भी सदस्यों का विशेष योगदान रहा।

न्यूज़ एवं मीडिया - 

Video Courtesy: Talent Unlimited


Live: Attending 22nd Confluence of Hearing and Speech Impaired Children for Skill Development at Dharapur, Guwahati

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